कोलकाता, पश्चिम बंगाल।
कोलकाता महानगर में स्वदेशी विषय को केंद्र में रखते हुए एक महत्वपूर्ण सम्मेलन एवं बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में विभिन्न सामाजिक कार्यकर्ताओं, व्यापारियों, बुद्धिजीवियों एवं स्वदेशी समर्थकों ने सहभागिता कर स्वदेशी आंदोलन को और अधिक सशक्त बनाने पर विचार-विमर्श किया।
बैठक में स्वदेशी उत्पादों के प्रोत्साहन, स्थानीय उद्योगों को बढ़ावा देने तथा आत्मनिर्भर भारत की दिशा में जन-जागरूकता बढ़ाने के विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि स्वदेशी केवल आर्थिक नीति नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण और सांस्कृतिक स्वाभिमान का आधार है।
सम्मेलन में यह निर्णय लिया गया कि महानगर स्तर पर नियमित संवाद, व्यापारी बैठकें, युवा सहभागिता कार्यक्रम एवं स्वदेशी हाट जैसे आयोजनों के माध्यम से अभियान को जन-जन तक पहुंचाया जाएगा।
अंत में सभी उपस्थित सदस्यों ने संकल्प लिया कि वे अपने दैनिक जीवन में स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता देंगे और स्थानीय उद्यमियों को सशक्त बनाने में सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
