दक्षिण केरल।
दक्षिण केरल में स्वदेशी जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘रन फॉर स्वदेशी’ का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में युवाओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं स्वदेशी समर्थकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
दौड़ का उद्देश्य स्वदेशी उत्पादों के उपयोग, स्थानीय उद्योगों के सशक्तिकरण और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को जन-जन तक पहुँचाना रहा। प्रतिभागियों ने “वोकल फॉर लोकल” और “जय स्वदेशी” के नारों के साथ स्वदेशी अपनाने का संदेश दिया।
आयोजकों ने कहा कि स्वदेशी केवल आर्थिक नीति नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण और सांस्कृतिक स्वाभिमान का प्रतीक है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों को जोड़कर स्वदेशी आंदोलन को जनआंदोलन बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
कार्यक्रम के समापन पर सभी प्रतिभागियों ने अपने दैनिक जीवन में स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता देने और स्थानीय उद्यमियों का समर्थन करने का संकल्प लिया।
जय स्वदेशी!
