अगर कोई निवेशक हर महीने ₹10,000 की SIP (सिस्टेमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान) करता है, तो समय के साथ छोटा निवेश भी एक बड़ा फंड बन सकता है, और कई कंज्यूमर सेक्टर आधारित म्यूचुअल फंड्स ने इसे साबित भी किया है, जहां लगातार और अनुशासित निवेश से करीब ₹63 लाख तक का फंड तैयार हो गया। यह उदाहरण दिखाता है कि अगर निवेशक धैर्य बनाए रखें और लंबे समय तक निवेश करते रहें, तो बाजार की छोटी-मोटी गिरावट के बावजूद अच्छा रिटर्न हासिल किया जा सकता है।
कंज्यूमर फंड उन कंपनियों में निवेश करते हैं जो रोजमर्रा की जरूरतों से जुड़ी होती हैं, जैसे FMCG, रिटेल और उपभोक्ता उत्पाद बनाने वाली कंपनियां। इन कंपनियों की मांग लगभग हर परिस्थिति में बनी रहती है, इसलिए इनमें स्थिर ग्रोथ देखने को मिलती है और यही कारण है कि ऐसे फंड लंबे समय में बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं।
SIP का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें बाजार के उतार-चढ़ाव का असर कम हो जाता है, क्योंकि निवेशक हर महीने एक निश्चित राशि निवेश करता है, जिससे औसत लागत कम हो जाती है, जिसे Rupee Cost Averaging कहा जाता है। इसके साथ ही कंपाउंडिंग यानी ब्याज पर ब्याज का फायदा मिलता है, जिससे समय के साथ निवेश तेजी से बढ़ता है।
कुल मिलाकर, SIP उन निवेशकों के लिए एक मजबूत और भरोसेमंद विकल्प माना जाता है, जो बिना ज्यादा जोखिम लिए नियमित और लंबे समय तक निवेश करना चाहते हैं और धीरे-धीरे अपनी बड़ी पूंजी बनाना चाहते हैं।
Dharmakshetra, Shiv Shakti Mandir, Babu Genu Marg,
Sector 8, Rama Krishna Puram,
New Delhi, Delhi 110022
+91 80031 98250
info@mysba.co.in